जोमैटो (Zomato) की को-फाउंडर और चीफ पीपुल ऑफिसर आकृति चोपड़ा (Akriti Chopra) ने तत्काल प्रभाव से इस्तीफा दे दिया है। वह पिछले 13 साल से कंपनी के साथ थीं। कंपनी ने 27 सितंबर को स्टॉक एक्सचेंज को इस बारे में इनफॉर्म किया। चोपड़ा ने अपने एग्जिट मेल में लिखा है, “दीपी (दीपिंदर गोयल), जैसा कि डिस्कस किया गया था, औपचारिक रूप से अपना इस्तीफा भेज रही हूं, जो आज 27 सितंबर 2024 से प्रभावी है। पिछले 13 वर्षों की यात्रा अविश्वसनीय रूप से समृद्ध रही है। हर चीज के लिए धन्यवाद। मैं हमेशा बस एक कॉल दूर हूं।’
दीपिंदर गोयल, जोमैटो के को-फाउंडर और सीईओ हैं। आकृति चोपड़ा ब्लिंकइट के सीईओ अलबिंदर ढींडसा की पत्नी भी हैं। चोपड़ा लगभग दो वर्षों के अंदर कंपनी से बाहर निकलने वाली 5वीं को-फाउंडर हैं। इससे पहले को-फाउंडर गुंजन पाटीदार, पंकज चड्ढा, गौरव गुप्ता और मोहित गुप्ता कंपनी का साथ छोड़ चुके हैं। चड्ढा 2018 में और गौरव गुप्ता 2021 में कंपनी छोड़ गए।
चोपड़ा से पहले सीनियर पोजिशन के कई अन्य लोग भी जोमैटो का साथ छोड़ चुके हैं। पूर्व सीटीओ गुंजन पाटीदार ने जनवरी 2023 में को-फाउंडर मोहित गुप्ता के कंपनी छोड़ने के कुछ हफ्ते बाद इस्तीफा दे दिया था। लगभग उसी वक्त कंपनी के न्यू इनीशिएटिव्स हेड और पूर्व फूड डिलीवरी चीफ राहुल गंजू और जोमैटो की इंटरसिटी लीजेंड्स सर्विस के हेड सिद्धार्थ झावर ने भी इस्तीफा दे दिया था।हालांकि, जोमैटो राहुल गंजू और प्रद्योत घाटे को वापस ले आई है।
कॉम्पिटीटर स्विगी के IPO को हरी झंडी
जोमैटो की प्रतिद्वंदी स्विगी को मार्केट रेगुलेटर सेबी से अपने आईपीओ के लिए मंजूरी मिल गई है। स्विगी का आईपीओ 10,000 करोड़ रुपये से अधिक का आंका गया है। स्विगी ने गोपनीय ‘प्री-फाइलिंग रूट’ के जरिए 30 अप्रैल को आईपीओ डॉक्युमेंट्स दाखिल किए थे। फिलहाल सभी डिटेल्स सीक्रेट हैं। स्विगी अब दो अपडेटेड ड्राफ्ट प्रॉस्पेक्टस जमा करेगी। एक रेगुलेटर की प्रतिक्रिया से संबंधित और दूसरा 21 दिन में सार्वजनिक टिप्पणियां हासिल करने से जुड़ा होगा। अंत में, सार्वजनिक टिप्पणियों के बाद बदलावों को शामिल कर कंपनी दस्तावेज में बदलाव करना होगा।